चंडीगढ़ में किए जा रहे थे हथियार इकट्ठा: दो और पिस्तौल बरामद, बंबीहा-लकी पटियाल गैंग को करते हथियार सप्लाई,पैसों की उगाही और कई निशाने पर
चंडीगढ़ में लगता है किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की प्लानिंग रची जा रही थी, जिसके चलते बंबीहा और लकी पटियाल गैंग हथियार इकट्ठा करने में लगा हुआ था। इसका भंडाफोड़ ऑपरेशन सेल ने किया और दो आरोपी राहुल उर्फ रैली व मोनू उर्फ कांदू को बीते मंगलवार को एक पिस्टल, एक देसी कट्टा और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया था।
इन दोनों आरोपियों की निशानदेही पर अब पुलिस ने दो और पिस्तौल बरामद की हैं। अभी तक मामले में और भी बड़े खुलासे होने बाकी हैं। यह नेटवर्क काफी फैला हुआ है। इस नेटवर्क को तोड़ने में डीएसपी विकास श्योंकद की सुपरविजन में इंस्पेक्टर हरिंदर सेखों और एडमिन इंस्पेक्टर जसपाल सिंह की अगुवाई में टीम काम कर रही है।
सूत्रों से पता चला है कि ऑपरेशन सेल ने जो दो आरोपी गिरफ्तार किए हैं, उनसे कई बड़े खुलासे हुए हैं और जल्द इस मामले में कई और गिरफ्तारियां होने वाली हैं। इसके चलते पुलिस चंडीगढ़ और उसके बाहर भी रेड कर रही है।
पुलिस के हाथ कई अहम सबूत लगे हैं, जिससे खुलासा हुआ है कि बंबीहा और लकी पटियाल गैंग चंडीगढ़ के क्लबों से पैसों की उगाही करने की प्लानिंग बना रहा था और उसके निशाने पर बड़े बिजनेसमैन थे, जिस पर ऑपरेशन सेल काम कर रहा है कि वे कौन से क्लब और बिजनेसमैन हैं।
आरोपी मोनू उर्फ कांदू का ट्राईसिटी में पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। उसके खिलाफ कुल 5 मामले दर्ज हैं। इनमें आईटी पार्क थाना क्षेत्र में झगड़े और गोलीबारी से जुड़े तीन केस शामिल हैं। इसके अलावा बुड़ैल जेल में एक कैदी के साथ मारपीट करने के मामले में सेक्टर-49 थाना में भी उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज है।
वहीं, पंचकूला के चंडीमंदिर थाना में आर्म्स एक्ट के तहत एक केस दर्ज है, जिसमें आरोपी ने पुलिस को चार पिस्टल बरामद करवाई थीं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि पिछले कुछ समय से मोनू उर्फ कांदू ट्राईसिटी और आसपास के इलाकों में लकी पटियाल और बंबीहा गैंग के गुर्गों को हथियार सप्लाई कर रहा था।
