पंजाब में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने पहुंचे राहुल गांधी, डूबी फसलें-टूटे घर देखे, पीड़ितों का दर्द समझा
अमृतसर। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी सोमवार को पंजाब में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने पहुंचे। उन्होंने पानी में डूबी फसलें और टूटे हुए घर देखे। बाढ़ पीड़ितों और किसानों का दर्द समझा। इस दौरान पंजाब कांग्रेस के नेता राहुल गांधी के साथ रहे।
राहुल गांधी सुबब करीब साढ़े 9 बजे श्री गुरु रामदास जी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर पहुंचे। यहां से गांव अजनाला के लिए रवाना हुए। इसके बाद बाढ़ प्रभावित रमदास के घोनेवाल और माछीवाल दौरा किया। सात घरों में गए। उन्होंने पीड़ित परिवारों से बातचीत की। मदद का भरोसा दिया। उन्होंने एक पीड़ित परिवार के 5 साल के बच्चे अमृतपाल को चॉकलेट और टॉफियां भी दी।
घोनेवाल में ही राहुल गांधी एक मुस्लिम परिवार के घर में 21 मिनट रुके। इस दौरान उन्होंने माइक पकड़ कर घर के सदस्यों से बाढ़ के हालातों के बारे पूछा। इस मुस्लिम परिवार में छह महीने पहले ही अपना नया घर बनाया था।
पहाड़ के कारण उनके पुराने घर के दो कमरे बह गए और नए घर कि नींव भी बैठ गई। परिवार वालों के मुताबिक राहुल गांधी ने उनको मदद का भरोसा दिलाया है। यह परिवार 14 दिन तक किसी के घर में रहा और अब भी बरामदे में तिरपाल डालकर रह रहा है। यहां से एक बजे के बाद राहुल गांधी गुरदासपुर के कस्बा डेरा बाबा नानक के लिए निकल गए। यहां पर उन्होंने ट्रैक्टर पर बैठकर खेतों का दौरा किया। किसानों से भी मिले।
बाढ़ पीड़ितों और किसानों का दर्द समझा। बाढ़ की वजह से पंजाब के 23 जिलों के 2097 गांव प्रभावित हुए हैं। लगभग एक लाख 91 हजार 926 हेक्टेयर में फसलें डूब गईं। 15 जिलों में 52 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, राहुल के दौरे पर भाजपा ने सवाल खड़े किए हैं कि देश में 8 राज्यों में कांग्रेस, आम आदमी पार्टी और अन्य दलों की गठबंधन सरकारें हैं। अभी तक उन्होंने पंजाब के बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए क्या किया।
2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए भाजपा ने भी बाढ़ प्रभावित लोगों की मदद के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। केंद्र सरकार ने डेढ़ दर्जन से अधिक केंद्रीय व केंद्रीय राज्य मंत्री को पंजाब भेजने का फैसला किया है। अभी तक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज चौहान समेत पांच से अधिक मंत्री राज्य का दौरा कर चुके हैं।
