हवा में मौत का खेल: पहले कैप्टन पर हमला, फिर दोनों इंजन बंद! फ्लाईदुबई फ्लाइट मामले में चौंकाने वाला खुलासा
दुबई से इजरायल के तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान के दौरान हुए खौफनाक वाकये को लेकर लगातार नए और चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स और जांच एजेंसियों के अनुसार, यह मामला सामान्य विवाद का नहीं, बल्कि एक बड़ी सोची-समझी साजिश का हिस्सा था।
हालिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि ओमान के रहने वाले को-पायलट हम्माम अल-हम्मामी ने उड़ान के दौरान विमान के दोनों इंजन बंद कर दिए थे। उसकी योजना इस फ्लाइट को इजरायल में किसी खास टारगेट पर ले जाकर क्रैश कराने की थी। इस खतरनाक मंसूबे को अंजाम देने के लिए उसने कॉकपिट में अचानक भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया।
इस घटना के बाद वैश्विक स्तर पर विमानन सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी को-पायलट को पहले ही ओमान एयर द्वारा सुरक्षा जोखिमों के चलते प्रतिबंधित या निलंबित कर दिया गया था। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि सुरक्षा जांच और स्क्रीनिंग एजेंसियों को चकमा देकर उसे फ्लाईदुबई में नौकरी कैसे मिल गई। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी यह कहा है कि आरोपी को-पायलट कट्टरपंथी सोच से ग्रस्त था।
घातक हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर ने असाधारण साहस का परिचय दिया। उन्होंने और अन्य क्रू सदस्यों ने सूझबूझ दिखाते हुए हमलावर को रोकने का पूरा प्रयास किया। समय रहते यात्रियों और अन्य सदस्यों के सहयोग से स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया, जिसके बाद विमान को सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतार लिया गया। इस त्वरित सूझबूझ के कारण विमान में सवार सभी 174 यात्रियों की जान सुरक्षित बचा ली गई।
