अकाली दल को झटका: पंजाब में प्रकाश सिंह बादल के चचेरे भाई BJP में शामिल
पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के चचेरे भाई, रिटायर्ड मेजर भूपिंदर सिंह बादल और उनके बेटे ने चंडीगढ़ में BJP जॉइन कर ली है. इसे शिरोमणि अकाली दल के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है. रिटायर्ड मेजर भूपिंदर सिंह 78 साल के हैं और मुख्यमंत्री के तौर पर प्रकाश सिंह बादल के लंबे कार्यकाल के दौरान उनके पॉलिटिकल सेक्रेटरी रह चुके हैं.
मेजर भूपिंदर सिंह बादल ने पंजाब बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों की अगुवाई और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की मौजूदगी में बीजेपी जॉइन की. इससे पहले, उन्होंने 1997 से 2002 तक अकाली सरकार में राज्य मंत्री के तौर पर काम किया था. माना जा रहा है कि बीजेपी उन्हें बादल परिवार के गढ़ श्री मुक्तसर साहिब जिले की लंबी विधानसभा सीट से चुनाव मैदान में उतार सकती है. इस सीट से अधिकतर शिरोमणि अकाली दल की और से प्रकाश सिंह बादल चुनाव लड़ते रहे थे.
मेजर भूपिंदर सिंह बादल का परिवार लंबे समय से पंजाब की राजनीति में अहम भूमिका निभाता रहा है. उनके पिता, स्वर्गीय गुरराज सिंह ढिल्लों बादल, 1952 से 1958 तक शिरोमणि अकाली दल की ओर से राज्यसभा सांसद रहे. उन्होंने प्रकाश सिंह बादल के शुरुआती राजनीतिक सफर में भी अहम भूमिका निभाई थी. मेजर भूपिंदर सिंह ढिल्लों बादल खुद भारतीय सेना में रहे और 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में सक्रिय रूप से हिस्सा लिया, उन्होंने 1988 तक सेना में अपनी सेवाएं दीं.
वे 1994 से चुनावी अभियानों में सक्रिय रूप से शामिल रहे हैं. इसके अलावा, लांबी विधानसभा क्षेत्र के लोगों के साथ उनका दशकों पुराना व्यक्तिगत और राजनीतिक जुड़ाव है. स्थानीय लोगों के साथ लगातार जुड़ाव और सक्रिय भागीदारी की वजह से जमीनी स्तर पर उनकी एक मजबूत पहचान बनी है. भूपिंदर सिंह बादल का बीजेपी में शामिल होना पंजाब में, खासकर मालवा क्षेत्र में पार्टी के संगठनात्मक और राजनीतिक विस्तार की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है.
