हरियाणा: पंचकूला में फूंका जाएगा 18 लाख रुपए की लागत से बना रावण, पुतला बनाने वाले उस्मान मुहम्मद ने बताई खासियत
पंचकूला: हरियाणा के पंचकूला में विजयादशमी के मौके पर 180 फीट के रावण का पुतला फूंका जाएगा। इस दौरान मेघनाद और कुंभकर्ण के 100 फीट के पुतलों को भी जलाया जाएगा। इन पुतलों को बनाने वाले उस्मान मुहम्मद कुरैशी ने इनकी खासियत के बारे में बताया है।
त्रि-नगरीय क्षेत्र (चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली) का सबसे ऊंचा 180 फीट का रावण का पुतला पंचकूला में मेघनाद और कुंभकर्ण के 100 फीट के पुतलों के साथ जलाया जाएगा। पुतले बनाने वाले उस्मान मुहम्मद कुरैशी ने बताया, “रावण 180 फीट ऊंचा है और मेघनाद और कुंभकर्ण 100 फीट ऊंचे हैं। मैंने पहली बार यह ठेका लिया है, जिसमें मेरे परिवार के 8 लोग और 8 अन्य लोग मेरी मदद कर रहे हैं। इसमें लगभग 4500 बांसों का इस्तेमाल किया जा रहा है। 2 लाख रुपये का कपड़ा इस्तेमाल किया जा रहा है। 180 फीट ऊंचे पुतले की लागत 18 लाख रुपए है।”
पुतला बनाकर तैयार करने वाले कारीगर भी काफी उत्साहित हैं और विजयादशमी के दिन का इंतजार कर रहे हैं।
भारत में रावण का पुतला दशहरा (विजयादशमी) के दिन जलाया जाता है, जो आमतौर पर आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को पड़ता है। यह हिंदू कैलेंडर के अनुसार नवरात्रि के दसवें दिन मनाया जाता है। रावण का पुतला जलाना रामायण की कथा से जुड़ा है। दरअसल भगवान राम ने लंकापति रावण को जब युद्ध में मार गिराया तो इसे अच्छाई की बुराई पर विजय का प्रतीक माना गया। इसी बात को ध्यान में रखने के लिए रावण दहन किया जाता है और ये दशहरा उत्सव का प्रमुख हिस्सा है।
हालांकि ये पहली बार नहीं है, जब रावण को फूंकने के लिए इतनी ज्यादा राशि का इस्तेमाल किया जा रहा हो। पहले भी देश के तमाम राज्यों में रावण दहन के लिए मोटी राशि खर्च की जा चुकी है। चूंकि ये हिंदुओं की आस्था से जुड़ा त्यौहार है और समाज में एक सकारात्मक संदेश देता है तो इसके लिए विशेष आयोजन किए जाते हैं। देखना ये होगा कि इस बार के विजयादशमी के मौके पर देश का सबसे महंगा रावण का पुतला कौन बनाता है।
